गांव में गूंजा विकास का स्वर बोंगला विद्यालय का लोकार्पण,शिक्षा और स्वच्छता की नई राह
हरिद्वार।गांव की गलियों में आज उल्लास और उमंग का माहौल था। बच्चों की खिलखिलाहट और लोगों की उमंग उस ऐतिहासिक क्षण की साक्षी बनी जब आईटीसी मिशन सुनहरा कल के सहयोग से राजकीय प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालय बोंगला का लोकार्पण हुआ। कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी हरिद्वार और मुख्य शिक्षा अधिकारी डॉ.के.के.गुप्ता ने संयुक्त रूप से विद्यालय का शुभारंभ किया।उनके साथ आईटीसी लिमिटेड के महाप्रबंधक अनंत महेश्वरी, मानव संसाधन प्रमुख अल्ताफ हुसैन,तथा सीएसआर गतिविधियों का संचालन देख रहे पामीश कुमार और सचिन कामबले भी मौजूद रहे।कार्यक्रम में सहयोगी संस्था श्रीभुवनेश्वरी महिला आश्रम से डॉ.पंत और रंजीत कैंतुरा ने भी सक्रिय भूमिका निभाई। वहीं,मिशन सुनहरा कल से जुड़ी सहयोगी संस्थाएँ प्रथम,पीपीएचएफ,लोकमित्र बंधन और इन्फोटेक ने अपने स्टॉल्स के माध्यम से शिक्षा,आजीविका और सामुदायिक विकास के कार्यों की झलक प्रस्तुत की।इन प्रदर्शनों ने अतिथियों और ग्रामीणों का विशेष ध्यान आकर्षित किया।कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के प्रधानाध्यापक अनुज चौहान,शिक्षकगण,ग्राम प्रधान बोंगला नीरज चौहान,जेष्ठ प्रमुख बहादराबाद और गाँव के गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति ने इसे एक सामुदायिक उत्सव का रूप दिया। ग्रामीणों का उत्साह और बच्चों की मुस्कान इस बात की गवाही दे रही थी कि यह पहल उनके भविष्य में सुनहरे अध्याय जोड़ेगी। अपर जिलाधिकारी ने विद्यालय के साथ-साथ नवनिर्मित शौचालय ब्लॉक और दिव्यांगजनों के लिए विशेष शौचालय का भी लोकार्पण किया।उन्होंने कहा,स्वच्छ और सुविधाजनक वातावरण शिक्षा का आधार है।जब बच्चों को बेहतर सुविधा मिलेगी,तो उनका आत्मविश्वास और पढ़ाई दोनों मजबूत होंगे।मुख्य शिक्षा अधिकारी डॉ.के.के.गुप्ता ने आईटीसी के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह पहल ग्रामीण शिक्षा व्यवस्था में ऊर्जा का संचार कर रही है और बच्चों को बड़े सपने देखने के लिए प्रेरित कर रही है।बोंगला विद्यालय का यह लोकार्पण केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि ग्रामीण शिक्षा,स्वच्छता और सामाजिक विकास के नए अध्याय की शुरुआत है। स्थानीय जनता ने इसे विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए आईटीसी और सहयोगी संस्थाओं का आभार व्यक्त किया।