कांवड़ियों में बढ़ा काली पोशाक पहनने का चलन


हरिद्वार। आधुनिकता की दौड़ में धार्मिक मान्यताओं में भी बदलाव आया है। आधुनिकता के चलते कांवड़ के दौरान पहने जानी वाली पारंपारिक भगवा पोशाक भी बदल रही है। कांवड़ियों में भगवे के स्थान पर रंगीन पोशाक पहनने का चलन पिछले कई वर्षो से बढ़ा है। हर वर्ष इसमें बदलाव होता रहा है। खासतौर पर युवा कावंड़िएं सफेद व अन्य रंगों के कपड़े पहनकर कांवड़ लेने आने लगे हैं।बड़े ग्रुप में आने वाले शिवभक्त खास रंग की नाम व स्थान लिखी ड्रेस पहनकर आते हैं। लेकिन इस वर्ष कांवड़ियों में काले रंग की पोशाक पहनने का चलन बढ़ा है।हरकी पैड़ी सहित पूरे कांवड़ मार्ग पर काले रंग की टी शर्ट पहने कांवड़िए नजर आ रहे हैं।इस संबंध में कई कांवड़ियों से बात करने पर वे इसके पीछे कोई खास कारण नहीं बता पाए। उनका कहना है कि हर वर्ष भगवा रंग की टीशर्ट पहनकर आते थे। इस बार काले रंग की टीशर्ट खरीद ली।इसके बावजूद परंपरागत भगवा टीशर्ट और नेकर आज भी कांवड़ियों की पहली पसंद बने हुए हैं।मेला क्षेत्र में मौजूद और कांवड़ लेकर लौट रहे शिवभक्तों में भगवा वस्त्रधारियों की संख्या सबसे अधिक है।