व्यापारी को ब्लैकमेल करने वाले आरोपी गिरफ्रतार,महिला सहित दो की तलाश

 हरिद्वार। कोतवाली ज्वालापुर ने क्षेत्र में रहने वाले व्यापारी को ब्लैकमेल कर 7 लाख रुपये की ठगी करने के आरोपी प्रॉपर्टी डीलर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में अभी दो महिलाओं समेत अन्य आरोपी फरार हैं। पुलिस के मुताबिक बीते 26 मार्च 2021 को सुभाषनगर ज्वालापुर निवासी व्यापारी लोकेश कुमार ने शिकायत कर बताया कि उनकी संजय शर्मा निवासी मुजफ्फरनगर हाल निवासी सुभाषनगर ज्वालापुर से अच्छी दोस्ती थी। आरोप है कि संजय शर्मा ने उन्हें बताया कि बैंक की तरफ से बैंक शाखा व बैंक डिस्पेन्सरी के लिए विज्ञप्ति निकली हुई है। संजय ने बताया कि ब्रांच और डिस्पेंसरी लगवाने से अच्छा किराया मिलेगा। संजय ने उसकी मुलाकात शिवालिक नगर निवासी संजय जैन निवासी शिवालिक नगर से कराई। संजय जैन ने अपने आप को बैंक शाखा रुड़की का रिप्रेजेन्टेटिव कर्मचारी बताया था। आश्वासन दिया कि करीब 15 लाख रुपये का खर्चा आयेगा। जो कि आधा पहले और आधा कार्य के बाद में देना होगा। आरोप है कि संजय शर्मा व संजय जैन दोनों ने व्यापारी के मकान पर बैंक की शाखा व डिस्पेन्सरी खुलवाने की पूरी जिम्मेदारी ली। आरोप है कि व्यापारी को 11 दिसंबर वर्ष 2020 एक युवती का फोन आया। जिसने अपने आप को आरबीआई का अधिकारी बताया। आरोप है कि 18 दिसंबर को व्यापारी को आगरा बुलाया। जहां होटल में दो रूम बुक थे। आरोप है कि युवती ने कमरे में कागज मंगवाये और देखकर साइन किये। तभी संजय जैन ने चार कॉफी आर्डर की और उसे पीने के बाद व्यापारी बेहोश हो गया। होश आया तो व्यापारी युवती के बेड पर था। जिसके बाद आरोपियों ने उसे ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। समझौता करने के लिए प्रॉपर्टी डीलर मनोज शर्मा पुत्र राजपाल शर्मा निवासी सिखेडा मुजफ्फरनगर को बुलाया गया। 25 लाख रुपये की मांग की गई। प्रॉपर्टी डीलर मनोज शर्मा ने 17 लाख रुपये में फैसला निबटाया। आरोप है कि संजय शर्मा, मनोज शर्मा, दो महिलाओं और अन्य लोगों ने व्यापारी से करीब 7 लाख की ठगी की है। मुकदमा दर्ज करने के बाद पुलिस ने आरोपी प्रॉपर्टी डीलर मनोज शर्मा पुत्र राजपाल शर्मा निवासी सिखेडा मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी मनोज शर्मा हरिद्वार में ट्रेवल्स का काम भी कर चुका है और शहर कोतवाली क्षेत्र के ऋषिकुल के पास वह किराये पर रहता था। जांच अधिकारी लाखन सिंह ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा रहा है। अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। एक आरोपी ने गिरफ्तारी पर स्टे लिया हुआ है।