भगवान शिव की आराधना के लिए श्रावण मास सबसे उपर्युक्त

 हरिद्वार। निराला धाम की अध्यक्ष राजमाता आशा भारती महाराज ने कहा कि देवों के देव महादेव की सच्ची मन से की गयी आराधना कभी निष्फल नहीं जाती। सूक्ष्म आराधना से ही प्रसन्न होने वाले भगवान शिव अपने भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं। निराला धाम में आयोजित तीन दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान के दौरान श्रद्धालु भक्तों को संबोधित करते हुए राजमाता आशा भारती महाराज ने कहा कि भगवान शिव की आराधना के लिए सावन मास सबसे उपर्युक्त माना गया है। ब्रह्मलीन स्वामी लहरी बाबा द्वारा शुरू की गयी सावन में शिव आराधना के लिए विशेष अनुष्ठान के आयोजन की परंपरा का पालन करते हुए प्रतिवर्ष धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। लेकिन कोरोना महामारी के चलते इस वर्ष कार्यक्रमों का आयोजन सूक्ष्म रूप से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भगवान शिव की शक्ति से बड़ी कोई शक्ति नहीं है। शिव और शक्ति की आराधना व उनकी कृपा से जल्द ही कोरोना महामारी जल्द ही समाप्त होगी तथा देश दुनिया में पहले की तरह खुशहाली लौटेगी। कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि ब्रह्मलीन निराला बाबा, ब्रह्मलीन स्वामी कृष्णानंद महाराज व ब्रह्मलीन गुरूमाता सुशीला रानी को श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ भजन संध्या व संत सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान स्वामी नित्यानंद भी मौजूद रहे।