चमार वाल्मिीकि महासंघ ने की दलित युवती की हत्या के दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग

 


हरिद्वार। देहरादून में दलित समाज की युवती की पीट-पीटकर हत्या किए जाने के विरोध में चमार वाल्मिीकि महांसघ, बहुजन क्रांति मोर्चा तथा दलित समाज से जुड़े विभिन्न संगठनों ने प्रदर्शन किया और सिटी मजिस्ट्रेट के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन प्रेषित कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, पीड़ित परिवार को मुआवजा तथा देश में महिलाओं पर बढ़ रहे अत्याचारों को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की। चमार वाल्मीकि महासंघ के संस्थापक अध्यक्ष भंवर सिंह ने कहा कि आजादी के 75 साल बाद एससी, एसटी, ओबीसी एवं अल्पसंख्यक समाज की महिलाओं पर अन्याय-अत्याचारों की बाढ़ सी आ गई है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि दिसंबर 2021 में देहरादून में गुंडों द्वारा दलित समाज के राजकुमार के घर में घुसकर परिवार पर किए गए हमले में राजकुमार की बेटी को गंभीर चोटें आई थी। 8 महीने अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ने के बाद उसकी मौत हो गयी। मृतका का मृत शरीर 3 दिन तक अंतिम संस्कार के लिए तरसता रहा। इस दर्द विदारक घटना एवं इस पर प्रशासन के ढुलमुल रवैये को लेकर पूरे दलित समाज में रोष है। उन्होंने कहा कि हत्यारों के खिलाफ अविलंब कड़ी कानूनी कार्यवाही करने के साथ पीड़ित परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी एवं परिवार को एक करोड रुपए मुआवजा दिलाने के साथ देश में महिलाओं पर तेजी से बढ़ रहे अन्याय-अत्याचारों को रोकने के लिए केंद्र व राज्य सरकारों को निर्देशित किया जाए। राष्ट्रीय मूलनिवासी महिला संघ की राष्ट्रीय महासचिव ललिता रानी ने कहा कि पूरे देश में एससी एसटी ओबीसी माइनॉरिटी की महिलाओं पुरुषों बच्चों के साथ लगातार अत्याचार बढ़ते ही जा रहे हैं। गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय हरिद्वार के प्रवक्ता द्वारा अनुसूचित जाति की महिलाओं को असंवैधानिक आपत्तिजनक टिप्पणी करने के खिलाफ महिला संघ द्वारा सिटी मजिस्ट्रेट के माध्यम से डीजीपी को ज्ञापन प्रस्तुत कर प्रवक्ता प्रदीप कुमार के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की गयी। दलित युवती हत्याकांड एवं विवि के प्रवक्ता के खिलाफ अविलंब कड़ी कानूनी कार्रवाई ना की गई तो मजबूर होकर राष्ट्रीय मूलनिवासी महिला संघ एवं सभी सामाजिक संगठन विश्वविद्यालय एवं जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे। प्रदर्शन एवं ज्ञापन प्रस्तुत करने वालों में चमार वाल्मीकि महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष राजेंद्र श्रमिक,जिलाध्यक्ष भान पाल रवि,बीएमपी के प्रदेश अध्यक्ष संजय मूलनिवासी,वरिष्ठ समाजसेवी मुरली मनोहर,सीपी सिंह,मास्टर सुरेंद्र सिंह,पूर्व प्रिंसिपल फूल सिंह,मास्टर जगदीश,अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र तेश्वर, राजेंद्र भंवर,पास्टर राहुल,मास्टर धर्मेंद्र,मास्टर राजकुमार, राजाराम,ब्रह्मपाल प्रजापति,रेनू सिंह एडवोकेट रूपचंद एडवोकेट,सचिन बेदी,मेहर सिंह,बबली,राजेंद्र सिंह,सुशील कुमार, शिवकुमार तेश्वर,विशाल प्रधान,आशीष सागर,सुधा बेनीवाल,पास्टर आर्थर मसीह,बबली,पुष्पा,कुसुम, विद्या, हेमा,मुकेश श्रमिक,जुगनू,संजय पिहवाल,राजू खैरवाल,कुलदीप कांगड़ा,मोहम्मद नसीर अहमद आदि सामाजिक कार्यकर्ता शामिल रहे।