जल मूल्य वृद्धि पर अंकुश लगाने की मांग को लेकर वरिष्ठ नागरिकों ने किया प्रदर्शन

 हरिद्वार। जल मूल्य वृद्धि को वापस लिये जाने की मांग को लेकर मंगलवार को वरिष्ठ नागरिकों ने ज्वालापुर इंटर कॉलेज के पास प्रदर्शन किया। वरिष्ठ नागरिक सामाजिक संगठन ने सीएम पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखकर जल मूल्य वृद्धि पर अंकुश लगाने की मांग की है। संगठन कई वर्षों से जल मूल्य वृद्धि समाप्त करने और वरिष्ठ नागरिकों के 30 से 40 वर्ष पुराने मकानों का गृहकर कम करने की मांग करता आ रहा है। प्रदर्शन करते हुए संगठन के अध्यक्ष चौधरी चरण सिंह ने बताया कि संगठन और जनता की परेशानी को उचित मानते हुए वर्ष 2021 में उत्तराखंड सरकार ने जल मूल्य की समीक्षा करने के लिए विधायक मदन कौशिक की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया था। लेकिन इस संदर्भ में आगे कुछ नहीं किया गया। इस कारण वरिष्ठ नागरिकों में आक्रोश है। पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के सहारनपुर और मुजफ्फरनगर जिले में जल मूल्य गृह कर के बराबर है। वहां वर्ष 2015 से निर्धारित जल मूल्य और गृह कर में अभी तक कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। वहीं कर को समय पर जमा करने पर 15 से 20 फीसद छूट दी जाती है। संगठन ने मुख्यमंत्री से निवेदन किया कि जल मूल्य वृद्धि समाप्त कर जल मूल्य कम किया जाए और वरिष्ठ नागरिकों के पुराने मकानों के गृह कर में 50 फीसदी छूट दी जाए। प्रदर्शन करने वालों में आरबी शर्मा, एससीएस भास्कर,एमसी त्यागी,भोपाल सिंह,बदन सिंह,शिवचरण,अशोक,जय भगवान अरोड़ा,केपी शर्मा,गिरधारी लाल,हरदयाल अरोड़ा,हरिचंद चावला,योगेंद्र सिंह,शिवकुमार शर्मा,सतपाल चांदना, सुभाष चंद्र,जेएस सक्सेना आदि वरिष्ठ नागरिक शामिल रहे।