चिहिन्करण के बाद कई लोगों ने खुद ही तोड़ने शुरू कर दिए अपने मकान

 हरिद्वार। नगर निगम की ओर ज्वालापुर वाल्मीकि बस्ती से शिवालिक नगर तक रोड चैड़ीकरण के लिए नगर निगम और राजस्व विभाग की ओर से निशान लगाने के बाद लोगों ने खुद ही अपने दुकान-मकान तोड़ने शुरू कर दिए। जबकि इस मामले में मेयर के साथ कांग्रेसियों की डीएम से अतिक्रमण के नाम पर लोगों के साथ अन्याय करने की शिकायत के बाद टीम दोबारा ज्वालापुर पैमाइश करने पहुंची। जौनपुर वाल्मीकि बस्ती में पिछले कुछ दिन पहले रोड चैड़ीकरण के लिए मकान-दुकानों पर लाल निशान लगाए गए थे। नोटिस भी जारी किए गए। इसके बाद कुछ लोगों का आरोप था कि कई दशकों से रह रहे लोगों के मकान दुकानों पर गलत तरीके से बिना मानकों के निशान लगा दिए गए। इस मामले में सोमवार को मेयर के साथ युवा कांग्रेस के रवि बहादुर, श्रमिक नेता राजबीर चैहान समेत कई लोग जिलाधिकारी से मिले थे। गलत पैमाइश कर लोगों के साथ नाइंसाफी करने की शिकायत की थी। जिसके बाद मंगलवार को सहायक नगर आयुक्त महेंद्र सिंह यादव, राजस्व विभाग से पटवारी नरेंद्र काम्बोज व कानून गो के साथ ही लोक निर्माण विभाग के अधिकारी ज्वालापुर वाल्मीकि बस्ती में दोबारा पैमाइश करने के लिए पहुंचे। लेकिन यहां पता चला कि लोगों ने खुद ही अपने मकान दुकान तोड़ने शुरू कर दिए हैं। इसके बाद पैमाइश नहीं हो पाई। वही संबंधित विभाग से सहायक नगर आयुक्त ने जानकारी ली। जिस पर उन्होंने बताया कि जहां तक नाले के निर्माण में अतिक्रमण बाधा बनेगा तो उसे हटाया जाएगा। नगर आयुक्त जयभारत सिंह ने बताया कि पैमाइश से सम्बंधित शिकायत के संबंध में वाल्मीकि बस्ती ज्वालापुर में टीम को भेजा गया है।